भाकपा माओवादी एरिया कमेटी सदस्य अनीता किस्कू का सरेंडर
गिरिडीह । भाकपा माओवादी एरिया कमेटी सदस्य अनीता किस्कू उर्फ बबीता उर्फ बबीता कुमारी उर्फ बबीता देवी उर्फ बबीता दी उर्फ बबीता महतो पति अजय महतो उर्फ अजय जी उर्फ टाइगर उर्फ मोछू उर्फ श्रीकांत उर्फ वासुदेव पिता महतो किस्कू जलगतोली थाना चरतो चट्टी जिला बोकारो के द्वारा झारखंड सरकार के आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति नई दिशा एक नई पहल से प्रभावित होकर आत्मसमर्पण करने का निर्णय लिया । अनीता किस्कू ने पुलिस अधीक्षक डॉक्टर विमल कुमार द्वितीय कमान अधिकारी अभिनव आनंद ,पुलिस अधीक्षक सुजीत कुमार के सामने पुलिस केंद्र गिरिडीह में आत्मसमर्पण किया । ताकि मुख्य धारा से जुड़कर शासन द्वारा संचालित पुनर्वास नीति का लाभ प्राप्त कर पारिवारिक जीवन का आनंद ले सके । इनका उम्र 30 वर्ष अब है और 15 कांडों में वांछित है
अनीता किस्कू का नक्सल इतिहास 15 कांडों में थी वांछित

यह 2009 में नारी मुक्ति संघ की सदस्य दुला दी के साथ नाच गान कार्यक्रम में शामिल होने घर से निकल गई । जंगल में इसका मुलाकात अजय महतो के से हुई और उनके साथ पांच और लड़की संगठन में थी । लेकिन पार्टी के शीर्ष कमांडरों के द्वारा एरिया कमेटी तथा दस्ता कमेटी सदस्यों का शोषण किया जाने लगा । इससे वह काफी आहत थी । साथ ही पुलिस द्वारा अजय महतो की गिरफ्तारी से इनका मनोबल टूट गया और पार्टी छोड़कर आत्मसमर्पण करने का निर्णय लिया । भाकपा माओवादी एरिया कमेटी सदस्य अनीता किसको के आत्म समर्पण किए जाने से अन्य नक्सलियों को भी आत्मसमर्पण करने की प्रेरणा मिलेगी इसके साथ ही नक्सली घटनाओं में कमी आएगी और गिरिडीह बोकारो कोल्हान एवं सिंहभूम आदि क्षेत्रों के साथ-साथ पूरे झारखंड में नक्सलियों के मनोबल में गिरावट आएगी। वहीं झारखंड पुलिस ने नक्सलियों से अपील किया है कि आत्म समर्पण कर सरकार के आत्मसमर्पण नीति का लाभ उठाए







