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झारखंड के तीन दिवसीय चित्रपट फिल्म फेस्टिवल का समापन
चित्रपट झारखंड द्वारा आयोजित तीन दिवसीय फ़िल्म फ़ेस्टिवल सरला बिरला यूनिवर्सिटी (SBU) परिसर में समापन हो गया। कार्यक्रम का शुरुवात ‘गणेश वंदना’ से हुआ। मंच पर मुंडारी लोक नृत्य और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ नाटक की शानदार प्रस्तुति दी गई ।
समापन समारोह में राज्य के कई गणमान्य अतिथियों ने शिरकत की और विभिन्न श्रेणियों में विजेताओं व प्रतिभागियों को पुरस्कृत एवं सम्मानित किया।
पूर्व मुख्यमंत्री व नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि
“झारखंड से नए कलाकारों का उभरना और देश के पटल पर दिखना एक बेहतरीन प्रयास है। आज टेक्नोलॉजी हर हाथ में है। कलाकार सोशल मीडिया के माध्यम से खुद ही अपनी कला का असेसमेंट कर सकते हैं कि दुनिया उन्हें कैसे देख रही है। इस माध्यम से झारखंड की समृद्ध संस्कृति और यहाँ की प्राकृतिक सुंदरता को देश-दुनिया तक आसानी से पहुंचाया जा सकता है। जिस तरह कभी लोग मुंबई के नायकों का अनुसरण करते थे, वैसे ही आपकी मेहनत देखकर लोग झारखंड को जानने के लिए उत्सुक होंगे। कलाकारों के इस प्रोत्साहन से आगे चलकर सरकारें भी इसे एक बड़ा क्षेत्र मानेंगी और इसके जरिए झारखंड की ब्रांडिंग की जा सकेगी।
मुख्य अतिथि और पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा:
“इस आयोजन का बड़ा उद्देश्य हमारी मानसिकता को एक रचनात्मक दृष्टि प्रदान करना है। आज नई पीढ़ी रील संस्कृति के दौर में मात्र 12 सेकंड के भीतर आनंद ढूंढ रही है। जीवन में आनंद आवश्यक है, लेकिन इस तकनीकी दौर में हमारी प्राचीन सरस सभ्यता नीरसता की तरफ क्यों बढ़ रही है, यह चिंता का विषय है। हमारे सामने आज कई विकल्प मौजूद हैं, लेकिन उन विकल्पों का ‘रचनात्मक पक्ष’ क्या है, इस पर हमें सबसे ज्यादा जोर देने की आवश्यकता है। चित्रपट झारखंड आने वाले दिनों में समाज, परिवार और राष्ट्र के सामने एक प्रमुख और सकारात्मक भूमिका निभा रहा है।”
सरला बिरला यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर डॉ. सी. जगन्नाथ ने कैंपस में सभी का स्वागत करते हुए युवा निर्देशकों से अपील किया कि वे इस अद्भुत प्रकृति को अपनी फिल्मों के जरिए दुनिया को दिखाएं। आज के दौर में मोबाइल और एआई (AI) तकनीक ने सिनेमा को सबके लिए खोल दिया है, लेकिन नेशनल लेवल पर पहचान बनाने के लिए स्टोरी, म्यूजिक और टेक्नोलॉजी का सही तालमेल होना जरूरी है।”
यूनिवर्सिटी के डायरेक्टर जनरल डॉ. (प्रोफ़ेसर) गोपाल पाठक ने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा:
“इस फिल्म फेस्टिवल से प्रेरणा लेकर हम जल्द ही सरला बिरला यूनिवर्सिटी में फिल्म मेकिंग की विधिवत पढ़ाई शुरू करने जा रहे हैं। सिनेमा के क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की सहायता लेकर इसे और भी बेहतर बनाया जा सकता है। झारखंड में इस क्षेत्र के लिए अपार संभावनाएं मौजूद हैं।
मंच संचालन प्रज्ञा सिंह ने किया एवं धन्यवाद ज्ञापन अध्यक्ष नंद किशोर सिंह ने किया। मौके पर झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा, नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (उत्तर क्षेत्र) के संघचालक मा॰ देवव्रत पाहन , सरला बिरला यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर डॉ. (प्रोफ़ेसर) सी. जगन्नाथ, डायरेक्टर जनरल डॉ. (प्रोफ़ेसर) गोपाल पाठक, केंद्रीय विश्वविद्यालय झारखंड (CUJ) के मास कॉम विभाग के अध्यक्ष डॉ॰ देवव्रत सिंह और राजीव सिन्हा सहित सिनेमा जगत के कई नामचीन निर्देशक , विकास कुमार,अमरेश कुमार , कुमार विवेक , प्रसून झा (rkdf) , राजू शर्मा , प्रांत सह व्यवस्था प्रमुख , प्रवीण दूबे, प्रांत प्रचार प्रमुख, विजय कुमार, सह प्रांत प्रचार प्रमुख, विशाल कुमार, मंगल सहाय इत्यादि समाज के अन्य गणमान्य नागरिक की उपस्थिति रही ।






